सबकी नजर झारखंड की इन 7 बड़ी सीटों पर है ,किस्मत दांव पर है कई दिग्गजों की


इस बार भाजपा का जेएमएम और कांग्रेस के गठबंधन से कड़ा मुकाबला हो रहा है।झारखंड विधानसभा चुनाव के लिए मतगणना का दौर जारी है। इस बीच राज्य की 7 बड़ी सीटें ऐसी हैं जिस पर सबकी नजर बनी हुई हैं।रुझानों में सूबे की सत्ता भाजपा के हाथ से खिसकती दिखाई दे रही है। इन हाई प्रोफाइल सीटों में जमशेदपुर पूर्वी, दुमका, बरहेट, धनवार, झरिया और सिल्ली सीटें शामिल हैं। इसमें से दुमका और बरहेट सीटों पर हेमंत सोरेन चुनाव लड़ रहे हैं।इन सीटों पर भाजपा के सीएम रघुवरदास, जेएमएम के हेमंत सोरेन, आजसू के सुदेश महतो, झाविमो के बाबूलाल मरांडी मैदान में हैं।


दुमका, बरहेट सीट: इन दो सीटों पर झारखंड मुक्ति मोर्चा के हेमंत सोरेन मैदान में हैं। दुमका सीट पर उनका मुकाबला भाजपा के मंत्री डॉ. लुइस मरांडी से हो रहा है। पिछली बार इसी सीट से लुइस ने हेमंत को 5 हजार वोटों से हरा दिया था।


वहीं, बरहेट सीट से भी हेमंत सोरेन मैदान में हैं। बरहेट JMM का गढ़ माना जाता है। 30 सालों से इस सीट पर हेमंत सोरेन का कब्जा रहा है। यहां सोरेन का मुकाबला भाजपा के सिमोन मालतो से है।


जमशेदपुर पूर्वी सीट: इस सीट पर पूरे सूबे की नजर है। दरअसल इस सीट पर सीएम रघुवरदास के सामने भाजपा के बागी मंत्री सरयू राय निर्दलीय चुनाव लड़ रहे हैं। वहीं कांग्रेस ने इस सीट से गौरव वल्लभ को मैदान में उतारा है। ऐसे में यहां मतगणना के रुझानों में कांटे का मुकाबला चल रहा है।


सिल्ली विधानसभा सीट: सिल्ली सीट पर राज्य के पूर्व उपमुख्यमंत्री रहे और आजसू के प्रमुख सुदेश महतो मैदान में हैं। झारखंड बनने के बाद आजसू पहली बार भाजपा से अलग होकर मैदान में उतरी है। इस सीट से सुदेश लगातार दो बार चुनाव हार चुके हैं। ऐसे में इस बार उनकी साख दांव पर लगी हुई है।


धनवार सीट: धनवार विधानसभा सीट से पूर्व सीएम और झाविमो अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी चुनावी मैदान में हैं। उनके सामने भाजपा के लक्ष्मण प्रसाद सिंह और भाकपा माले के राजकुमार यादव हैं। पिछले चुनाव में भाकपा माले के राजकुमार यादव ने मरांडी को हराया था


झरिया सीट: इस सीट पर कोयलांचल के दो रसूखदार परिवारों की बहुएं आमने-सामने है। भाजपा ने रागिनी सिंह को तो कांग्रेस ने पूर्णिमा सिंह को टिकट दिया है। 2014 में इस सीट से भाजपा के संजीव सिंह ने जीत हासिल की थी। वहीं साल 2017 में कांग्रेस उम्मीदवार रहे नीरज सिंह की हत्या हो गई थी। फिलहाल संजीव सिंह नीरज सिंह की हत्या के आरोप में जेल में बंद हैं।


लोहरदगा सीट: लोहरदगा सीट कांग्रेस के लिए महत्वपूर्ण है। इस सीट से पार्टी ने प्रदेश अध्यक्ष रामेश्वर उरांव को टिकट दिया था। भाजपा ने सुखदेव भगत को टिकट दिया। भगत प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष थे। यहां पूर्व विधायक की पत्नी नीरु शांति के मैदान में उतरने की वजह से त्रिकोणीय मुकाबला हो गया था।